Pawan Jury BhilwaraRj
आधार कार्ड का जो प्रारूप मोदी साहेब ने लागू किया है उसमे उन्होंने इस धारा को जोड़ने से इनकार कर दिया है कि --- “यदि कोई गैर भारतीय नागरिक और अवैध शरणार्थी बिना यह घोषणा किये कि ‘वह गैर भारतीय नागरिक और अवैध शरणार्थी है’ आधार कार्ड के लिए आवेदन करता है तो वह 3 वर्ष के कारावास से दंडनीय होगा”.
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पासपोर्ट के क़ानून में यह प्रावधान है. पासपोर्ट क़ानून के अनुसार कोई गैर भारतीय या शरणार्थी पासपोर्ट के लिए आवेदन कर सकते है, किन्तु उन्हें यह घोषणा करनी होती है कि वे गैर भारतीय नागरिक या शरणार्थी है. अब मोदी साहेब का कहना है कि गैर भारतीय नागरिको और अवैध शरणार्थियों को भी उनकी आधार कार्ड योजना का लाभ मिलना चाहिए ! और उनके हिसाब से इससे भारत को कोई खतरा नहीं है !!!
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तो मोदी साहेब द्वारा लागू किये गए क़ानून के अनुसार अब अवैध बांग्लादेशी घुसपेठीये कानूनी रूप से आधार कार्ड के लिए आवेदन कर सकते है, कानूनी रूप से आधार कार्ड बनवा सकते है, और यदि भविष्य में यह पाया जाता है कि आधार कार्ड धारक अमुक व्यक्ति अवैध घुसपेठिया है, तो कानून के अनुसार उन्हें कोई सजा भी नही दी जा सकेगी !!!
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बांग्लादेशी घुसपेठियो को खदेड़ने की एक्सक्लुसिव योजना !!!
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