Pawan Jury BhilwaraRj

Right to Recall:

जमीन अधिग्रहण कानून और समाधान : -

जमीन अधिग्रहण कानून क्या है यह बताने मे बारे मे बताने से वक्त नहीं गवाना चाहता। इसके बजाय कि इससे समस्या क्या है यह समझना जरूरी है।
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BJP कहती है के “देश के GDP मे सिर्फ 15% फीसदी हिस्सा रखने वाले खेती पर 60-70 % फीसदी कोग निर्भर है, या बादल ने की जरूरत है”

GDP मे खेती का हिस्सा बढ़ाना चाहिए, खेती के उत्पादन का उपयोग हमारी भूक मिटाने के लिए होना चाइए, उसके बाद खेती उत्पादन का निर्यात होना चाहिए, साथ मे किसान और मजदूर खेती पर की निर्भरता कम करने के लिए उन्हे दूसरे लघु उद्योगो से साथ जोड़ना चाहिए। यह एक लॉजिकल लगता तो है पर एसा होता नहीं। सरकार किसानो को खेती से बाहर निकालने चाहती है, उसको छुपने के लिए कितने भी दूसरे रास्ते देने से कुछ होने वाला है नहीं।
अब असल मुद्दे पर बात करते है। क्या बदला इस भूमि अधिग्रहण कानून मे।

समस्या 1
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बदल क्र 2) 'Private Companies' से 'Private Entity' और आगे 4)
In the principal Act, in section 3,- section 3.
(i) in clause (i), in sub-clause (i), for the words and figures "the Companies Act, 1956", tho words and figures "The Companies act 2013" shall be substituted:
(ii) after clause ( y ) , the following clause shall be inserted namely:-
(yy) "private entity" means any entity other than a Government entity or undertaking and includes a proprietorship, partnership, company, non -profit organization or other entity under any law for the time being in force.
पहेले Companies Act के तहत सिर्फ रजिस्टर कंपनी को ही भूमि अधिग्रहण का हक्क था। पर अब कोई भी private entity को - proprietorship, partnership, company, NGO को भी भूमि अधिग्रहण का हक्क होंगा। “वह जो सरकारी नहीं है ” --- any entity other than a Government entity एसे लोगो को भूमि अधिग्रहण का हक्क होंगा ।
बदल क्र ३) 3.In the principal Ac! in section 2, -
(i) in sub-section (l),in clause (b), in sub-clause (i), the words private hospitals; private educational institutions and shall be omitted;

मतलब अब प्राइवेट स्कूल , प्राइवेट अस्पताल इनको भूमि अधिग्रहण का हक्क होंगा।
सरकार के अनुसार "rural infrastructure" मे सुधारणा होने के लिए प्राइवेट स्कूल , प्राइवेट अस्पताल इनको भूमि अधिग्रहण का हक्क होंगा। मतलब कोई भी बच्चा बिना पैसे दिये हुए किसी भी तरह की शिक्षा हासिल नहीं करेगा। कोई भी प्राइवेट कंपनी जमीन लेकर उसे commercial पर्पस हेतु उपयोग मे ल सकती है ।

सरकार से सवाल – क्या सरकार का दिमाग ठिकाने पर है ? या फिर जनता को मूर्ख समझ रहे है ?

सरकारी स्कूल, अस्पताल को अब प्राइवेट स्कूल अस्पताल खराब करेंगे, जिनसे सिर्फ और सिर्फ पैसे ही कमाए जाएंगे। इससे हर गाव मे स्कूल और अस्पताल की सुविधा होगी। गाव मे सरकारी स्कूल अस्पताल नहीं चलते पर प्राइवेट स्कूल और अस्पताल आराम से चल जाएंगे ? क्या सरकार काम न करने के लिए चुनकर दिया है ? जो हर काम यहा पर प्राइवेट कंपनी करेने वाली है ?

अगर यह सारी जमीन हड़प ने के बाद कुछ हुआ तो अच्छा नहीं तो 5-6 सालो बाद उस जमीन पर 5 स्टार होटल बनेगे । यही प्लानिंग दिखाई दे रही है, सरकार की !

समस्या 2
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पहले वाले कानून मे एक लिस्ट है। जिसमे प्रोजेक्ट के नाम है जिससे section 2 और 3 – Social Impact Assessment और Consent Requirement की कोई बाधा नहीं रहेगी। मतलब जिसकी जमीन जाने वाली है उसको कोई मुआवजा देना और ग्राम पंचायत या उस जमीन के मालिक की अनुमति जरूरी नहीं होंगी।
वह लिस्ट है-

1. The Ancient Monuments and Archaeological Sites and Remains Act, 1958
2. The Atomic Energy Act, 1962
3. The Damodar Valley Corporation Act, 1948
4. The Indian Tramways Act, 1886
5. The Land Acquisition (Mines)Act, 1885
6. The Metro Railways (Construction of Works)Act, 1978
7. The National Highways Act, 1956
8. The Petroleum and Minerals Pipelines (Acquisition of Right of User in Land) Act, 1962
9. The Requisitioning and Acquisition of lmmovable Property Act, 1952
10. The Resettlement of Displaced Persons (Land Acquisition) Act, 1948
11. The Coal Bearing Areas Acquisilion and Development Act,1957
12. The Electricity Act,2003
13. The Railways Act, 1989

यह लिस्ट देखेने के बाद इनका महत्व और इनको दो आर्टिक्ल मे छूट दी गयी है समझ आता है, उसमे भी 5 नए प्रोजेक्ट मिलाये गए।

(a) such projects vital to national security or defense of India and every part thereof, including preparation for defense; or defense production;
(b) rural infrastructure including electrification;
(c) affordable housing and housing for the poor people;
(d) industrial corridors
(e) infrastructure and social infrastructure projects including projects under public private partnership (PPP) where the ownership of land continues to vest with the Government

इसमे भी एक समस्या है, सुरक्षा से संबंध मतलब ?
मेक इन इंडिया के तहत जो कंपनी बुलायी गयी है उनको जिस चीज के लिए जमीन चाहिए वह मिलेगी। Rural Infrastructure मे जो मर्जी चाहे करे !

वही नियम d और e मे भी लागू होते है, SEZ और Tol रास्तो से जनता का कितना भला हुआ और contractor का कितना भला हुआ यह हमे पत्ता है ।

समस्या 3
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Amendment to Section 24 (2) :
In the principal Act, in section 24, in subsection (2), after the proviso, the Amendment of following proviso shall be inserted, namely: - 'Provided further that in computing the period referred to in this subsection, any period or periods during which the proceedings for acquisition of the land were held up on account of any stray or injunction issued by any court or the period specified in the award of a Tribunal for taking possession or such period where possession has been taken but the compensation lying deposited in a court or in any account maintained for this purpose shall be excluded'
मतलब कोर्ट के रुकावट से 5 साल पूर्व अधिगर्हण हुई जमीन पर काम रुका है तो जो फायदा किसान को जाने वाला था वह अब नहीं होंगा।

समस्या 4
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Amendment to Section 87
Where an offence under this Act has been committed by any person who is or was employed in the Central Government or the State Government. as the case may be, at the time of commission of such alleged offence, no court shall take of such offence except with the previous sanction of the appropriate Government in the manner provided in section 197 of the Code of Criminal Procedure
अगर किसी सरकारी अफसर ने इस कानून को तोड़ा तो उसे कोई कोर्ट सजा नहीं देगा ।
सवाल ये है के ब्रिटिश सरकार के वक्त मे भी हम यह बर्दाश्त नहीं करते थे। पर आज क्या हो रहा है ?

समस्या 5
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Amendment to Section 101
In the principal Act in section 101, for the words, "period of five years' the words "period specified for setting up of any project or for five years whichever is later" shall be substituted.
पहले कानून के तहत अगर 5 साल मे उस जमीन का कुछ उपयोग नहीं हुआ तो वह जमीन किसान को वापस दी जाती थी, पर अब एसा कोई प्रावधान नहीं है। और हमारे देश मे यह कहा गया है के कोई भी प्रोजेक्ट 10-15 साल से कम वक्त मे तयार नहीं होता, यह कितना सच है ?
मतलब जमीन उस वक्त के हिसाब से खरीद कर, प्रोजेक्ट रुकवाकर उसकी किम्मत बढ़ाना। सरकार, जनता से उसे सुरू करने के लिए पैसे लेना, फिर उसे सुरू करने की कोई guaranty नहीं ! इस प्रावधान से एसे case को रोका जा सकता था पर अब कोई सवाल ही नहीं है ।
आखिर के सरकार किस के लिए काम कर रही है? क्या देश मे कोई वाकई मे अच्छे दिन आए है ?

Minimum governance! Minimum governance चिल्लाते रहने वाली सरकार मतलब कुछ काम ही नहीं करेगी?

मूल लेखक - ओंकार दाभडकर
हिन्दी अनुवाद - Right to Recall Group Maharashtra
वंदे मातरम
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उपरोक्त समस्याओं का समाधान यह नहीं है कि किस राजनेता की भक्ति की जाए और किस राजनेता की भक्ती ना की जाये और किस्से ये उम्मीद पाली जाए कि कोई राजनेता इन राष्ट्र विरोधी शक्तियों को काबू कर लेंगे!!

वास्तविक समाधान है कि हम राईट टू रिकाल, जूरी सिस्टम, वेल्थ टेक्स तथा DDMRCAM कानूनों को गेजेट में प्रकाशित करने की मांग करे, ताकि सत्ता तथा नियंत्रण सीधे जनता के हाथ में रहे ।
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प्रजातंत्र अगर इस देश में है तो जनता को ही यह फैसला करना होगा कि दोषी व्यक्ति को क्या और कितनी सजा देनी है, अमुक सभी प्रस्तावित प्रजा-लक्षित क़ानून टी सी पी - 'जनता की आवाज' क़ानून के आने से लागू हो सकेंगे, अत: नागरिको को अपने सांसद को SMS भेज कर टी सी पी क़ानून गेजेट में छापने की मांग करनी चाहिए ।
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SMS का नमूना -
"Hon MP, I order you to print law draft in gazatte : tinyurl.com/teenlinekanoon
voter ID : ######"
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प्रजा अधीन राजा

इसके अतिरिक्त हम Right to Recall Group कुछ कानून की मांग करते है-
>>Right To Recall PM, CM, MP MLA
>>Right To Recall Police commissioner
>>RIGHT TO RECALL - के बारे में और भी अधिक जानकारी के लिए इस लिंक पर जाएँ-
https://www.youtube.com/watch?v=-1Ev2fBwWEYek

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प्रजातंत्र अगर इस देश में है तो जनता को ही यह फैसला करना ही होगा कि दोषी व्यक्ति को क्या और कितनी सजा देनी है, जिसमे जनता के सामने नार्को टेस्ट होंगी। JURY TRIALS -के बारे में और भी अधिक जानकारी के लिए निम्न लिंक पर जाएँ-
http://m.youtube.com/watch?v=cDl-jUjiiZk

अगर आपके पास (RSS,VHP) कोई और दूसरा विल्कप हो, तो कमेंट मे छोड़े ।
Right to Recall Group
वंदे मातरम