Pawan Jury BhilwaraRj
तिरूपति में सोने की लूट :
रघुराम ग़जनी और नमो ने मिलकर तिरुपति बालाजी के स्वर्ण भण्डार से 1800 किलो सोना लूट लिया ।
समझौते के अनुसार SBI मंदिर ट्रस्ट को 1% सालाना की दर से अतिरिक्त सोना देगा ।
माने 100 किलो सोने पर प्रति वर्ष 1 किलो सोना अतिरिक्त ।
कुल पांच वर्ष में 100 किलो सोने के बदले 105 किलो सोना SBI ट्रस्ट को 'लौटा' देगा , ऐसा तय हुआ है ।
किन्तु पेच यह है कि इस सोने को इस्तेमाल करने का अधिकार भी बेंक को दिया गया है ।
SBI इस सोने को गला कर इसका उपयोग IMF/BRICS/WORLD BANK में गिरवी रखने में कर सकेगा ।
ज़ाहिर है ये सोना विदेशियों के कब्ज़े में जाने वाला है और इसके दुबारा मंदिर में लौटने की कोई संभावना नही है ।
ये पूरे विश्व का 500 वर्ष का इतिहास रहा है कि जिस भी सरकार ने जनता से सोना लिया है बदले में उसे 'टोपी' ही मिली है ।
सोने के बदले में मंदिर को दिए गए कागज़ के बांड फ्रेम में जड़कर अलमारी में रखने के काम आयेंगे, इस से ज्यादा कुछ नही ।
ज्ञातव्य है कि यह लूट 2012 में UPA सरकार ने करने की कोशिश की थी लेकिन सफल नही हो पायी थी ।
अब हिंदुत्व के सबसे बड़े पैरोकार ही मंदिरों को लूट रहे है और कोई भी चूं तक नही कर रहा ।
सदियों से जिस निधि को बचाते आ रहे थे, उसे एक हिन्दू वादी नेता ने ही लूट लिया ।
समाधान : सभी नागरिको को चाहिए कि अपने सांसद को SMS से ऑर्डर भेजे कि प्रधानमन्त्री और RBI गवर्नर को प्रजा अधीन करने के क़ानून को गेजेट में छापा जाए ।
कानूनी ड्राफ्ट का लिंक -
rahulmehta . com / 301 . htm
प्रजा अधीन राज़ा @ pk