> Facebook Archive | Pawan Jury BhilwaraRj | 2023-04-11

Pawan Jury BhilwaraRj

ट्रंप को ग्रेंड जूरी ने दबोच लिया है। ग्रेंड जूरी से मतलब होता है — अमेरिकी नागरिकों का समूह। और इसमें सरकार का कोई आदमी नहीं होता !!
.
यह सबसे बड़ी वजह है कि RSS=BJP, कांग्रेस एवं आम आदमी पार्टी के नेता, कार्यकर्ता एवं भारत के सभी ताकतवर लोग जज सिस्टम से प्रेम और जूरी सिस्टम से अत्यंत घृणा करते है।
.
ज़ाहिर है, भारत में जूरी सिस्टम आने के साथ ही भारत के मंत्रियों समेत मुख्यमंत्री, प्रधानमंत्री, सुप्रीम कोर्ट, हाई कोर्ट के न्यायाधीश आदि में से अधिकांश अगली फ्लाईट से देश छोड़ देंगे।
.
उन्होंने इतने कांड किए है और रोज़ इतने कांड करते है कि इनमें से ज़्यादातर जूरी सिस्टम को झेल ही नहीं सकते। 24 घंटे के लिए भी नही।
.
#JuryCourt
.
-------
.
तो क्या ट्रंप को सजा होगी ?
.
हो भी सकती है और नहीं भी !! क्योंकि अमेरिका फेडरल ग्रैंड जूरी के चयन की प्रक्रिया पारदर्शी नहीं है। ग्रैंड जूरी सदस्यों को लॉटरी द्वारा नही चुना जाता। इनके चयन में जज आदि दख़ल रहता है। इसके अलावा ग्रैंड जूरी सदस्यों का कार्यकाल भी लंबा होता है (लगभग एक वर्ष तक) एवं ट्रायल सार्वजनिक नहीं होता। तो वहाँ की इलीट हाई प्रोफाइल मामलों को मैनिपुलेट करने में सफल हो जाते है।
.
हमने जूरी कोर्ट का जो ड्राफ्ट प्रस्तुत किया है उसमें ग्रैंड जूरी का चयन सिर्फ़ लॉटरी से ही किए जाने का प्रावधान है। जज एवं सरकारी अधिकारियों का इसमें कोई दख़ल नही है। एवं ग्रैंड जूरी सदस्यों का कार्यकाल 30 दिनों का होगा। 30 दिनों बाद 10 सदस्य रिटायर होंगे और उनकी जगह नए सदस्य लॉटरी द्वारा आ जाएँगे, तथा सुनवाई हमेशा सार्वजनिक होगी।