> Facebook Archive | Pawan Jury BhilwaraRj | 2018-05-18

Pawan Jury BhilwaraRj

पुरानी खबर , दिसंबर -2009 --- मोदी साहेब ने अपने राज्य के चुनाव आयुक्त को राईट टू रिकॉल क़ानून के समर्थन में बयान देने को कहा था !!!
.
मोदी साहेब ने 1980 से 2009 तक राईट टू रिकॉल के बारे में कभी एक शब्द भी नहीं कहा था। और अचानक वर्ष 2009 में उन्होंने अप्रत्यक्ष रूप से चुनाव आयुक्त को राईट टू रिकॉल के पक्ष में बयान देने को कहा !! इस घटना को 9 साल गुजर चुके है। बस इसके बाद कोई हरकत नहीं !!
.
रिकालिस्ट राहुल चिमन भाई मेहता ने राईट टू रिकॉल के मुद्दे पर मई 2009 में गुजरात से चुनाव लड़ा था और दिसंबर 2008 से जनवरी 2009 के बीच में उन्होंने समाचार पत्रों में 7 विज्ञापन दिए थे। इन प्रयासों की वजह से राईट टू रिकॉल तब कार्यकर्ताओ एवं नागरिको में कुछ हद तक चर्चा में आ गया था।
.
तो हो सकता है कि , मोदी साहेब ने यह खबर इसीलिए उडाई ताकि कार्यकर्ताओ को मूरख बनाकर संघ से चिपकाये रखा जा सके। और या फिर यह बिना किसी आशय के जनता में उछाला गया एक जुमला था , और अपने श्रोताओ का मनोरंजन करने के लिए वे ऐसे 10-20 जुमले में हर सप्ताह फेंकते रहते है। बहरहाल , वजह जो भी रही हो लेकिन तब उन्होंने राईट टू रिकॉल के समर्थन में बयान दिया था और तब से अब तक न तो उन्होंने इसकी चर्चा की है, और क़ानून पास करने की मंशा तो खैर उनकी कभी थी ही नहीं !!!
.
न्यूज की हेडलाइन थी -- "After must-vote, Modi govt plans voter’s Right to recall" , हिंदी - "मोदी सरकार राईट टू रिकॉल लाने की तैयारी में है"
.
पूरी न्यूज इस लिंक पर पढ़ें -- <https://goo.gl/MuPUa8>;
.
===========